ड्राई स्किन ब्रशिंग के फायदे
अकसर रुखी व बेजान त्वचा होने के कारण आपका लुक खराब हो जाता है। ड्राई स्किन को स्वस्थ व खूबसूरत बनाने के लिए ब्रशिंग की मदद ली जाती है।
देखभाल व सफाई की जरूरत सिर्फ चेहरे की त्वचा को नहीं होती है। बॉडी पर जमा डेड सेल्स व धूल मिट्टी के कारण त्वचा की चमक खोने लगती है। नियमित रुप से साफ सफाई व ब्रशिंग के जरिए आप त्वचा को चमकदार व खूबसूरत बना सकती हैं। शरीर पर जमा टॉक्सिन को निकालने के लिए ब्रशिंग एक अच्छा तरीका माना जाता है।
ड्राई स्किन ब्रशिंग के फायदे
ड्राई स्किन ब्रशिंग की मदद से बॉडी पर जमा डेड स्किन सेल को दूर किया जा सकता है। इस प्रक्रिया में ज्यादा समय नहीं लगता है। बस नहाते समय लूफाह या ब्रश के जरिए आप इससे कर सकती है। इस प्रक्रिया के बाद आपको त्वचा में खुद फर्क नजर आने लगेगा।
ड्राई स्किन ब्रशिंग से बॉडी में रक्त का संचार बढ़ जाता है साथ ही त्वचा चमकदार व खूबसूरत लगने लगती है।
इससे त्वचा में कसाव आता है। इस प्रक्रिया को लगातार करने से बॉडी के टॉक्सिन निकल जाते हैं। यह लिंफेटिक सिस्टम को मजबूत बनाता है जिससे इम्मयून सिस्टम ठीक रहता है।
ब्रशिंग के मांसपेशियों को स्वस्थ बनाने के साथ शरीर की चर्बी को भी कम करने में मददगार साबित होती है। यह प्रक्रिया गर्भवस्था में सूजन व वेरीकॉज वेंस से बचाता है।
ब्रशिंग से हार्मोन व तेल ग्रंथियों को उत्तेजित बनाता है। ध्यान रखें त्वचा शरीर का सबसे बड़ा अंग है, इसलिए त्वचा का स्वस्थ होना जरूरी है। ब्रशिंग के बाद त्वचा के रोम छिद्र खुल जाते हैं जिससे त्वचा खुलकर सांस ले सकती है।
ध्यान रखें
ब्रशिंग के लिए हमेशा सॉफ्ट ब्रश का प्रयोग करें जैसे लंबे हैंडल वाला ब्रश व लूफाह।
अगर त्वचा में किसी प्रकार के रैशेज, घाव व चोट हो तो ब्रशिंग नहीं करनी चाहिए।
रैशेज व संक्रमण के दौरान ब्रशिंग करने से हो सकता है कि यह संक्रमण पूरे शरीर में फैल जाए।
कभी भी ब्रश को पानी से भीगोएं नहीं। हमेशा सूखे ब्रश का प्रयोग करें।
ध्यान रखें कि आप अपने ब्रश को कम से कम हफ्ते में एक बार पानी या साबुन से जरूर धोएं। जब आप ब्रश को धोएं तो उसे कुछ देऱ हवा में सूखने के लिए रख दें। अच्छी तरह सूखने के बाद ही इसे दोबारा प्रयोग करें।
ब्रशिंग के दौरान त्वचा पर ज्यादा दबाव ना डालें। हल्के व धीरे-धीरे से त्वचा पर ब्रशिंग करें। अगर आप ज्यादा जोर डालेंगीं तो त्वचा में रेडनेस व खुजली की समस्या हो सकती है।
स्किन ब्रशिंग के परिणाम के लिए आपको इस प्रक्रिया को नियमित रुप से करना चाहिए। इसके परिणाम दिखने में कम से कम एक महीने का समय लगता है। इसलिए निराश होने की जगह इसे नियमित रुप से अपनाएं।
अकसर रुखी व बेजान त्वचा होने के कारण आपका लुक खराब हो जाता है। ड्राई स्किन को स्वस्थ व खूबसूरत बनाने के लिए ब्रशिंग की मदद ली जाती है।
ड्राई स्किन ब्रशिंग के फायदे
ड्राई स्किन ब्रशिंग की मदद से बॉडी पर जमा डेड स्किन सेल को दूर किया जा सकता है। इस प्रक्रिया में ज्यादा समय नहीं लगता है। बस नहाते समय लूफाह या ब्रश के जरिए आप इससे कर सकती है। इस प्रक्रिया के बाद आपको त्वचा में खुद फर्क नजर आने लगेगा।
ड्राई स्किन ब्रशिंग से बॉडी में रक्त का संचार बढ़ जाता है साथ ही त्वचा चमकदार व खूबसूरत लगने लगती है।
इससे त्वचा में कसाव आता है। इस प्रक्रिया को लगातार करने से बॉडी के टॉक्सिन निकल जाते हैं। यह लिंफेटिक सिस्टम को मजबूत बनाता है जिससे इम्मयून सिस्टम ठीक रहता है।
ब्रशिंग के मांसपेशियों को स्वस्थ बनाने के साथ शरीर की चर्बी को भी कम करने में मददगार साबित होती है। यह प्रक्रिया गर्भवस्था में सूजन व वेरीकॉज वेंस से बचाता है।
ब्रशिंग से हार्मोन व तेल ग्रंथियों को उत्तेजित बनाता है। ध्यान रखें त्वचा शरीर का सबसे बड़ा अंग है, इसलिए त्वचा का स्वस्थ होना जरूरी है। ब्रशिंग के बाद त्वचा के रोम छिद्र खुल जाते हैं जिससे त्वचा खुलकर सांस ले सकती है।
ध्यान रखें
ब्रशिंग के लिए हमेशा सॉफ्ट ब्रश का प्रयोग करें जैसे लंबे हैंडल वाला ब्रश व लूफाह।
अगर त्वचा में किसी प्रकार के रैशेज, घाव व चोट हो तो ब्रशिंग नहीं करनी चाहिए।
रैशेज व संक्रमण के दौरान ब्रशिंग करने से हो सकता है कि यह संक्रमण पूरे शरीर में फैल जाए।
कभी भी ब्रश को पानी से भीगोएं नहीं। हमेशा सूखे ब्रश का प्रयोग करें।
ध्यान रखें कि आप अपने ब्रश को कम से कम हफ्ते में एक बार पानी या साबुन से जरूर धोएं। जब आप ब्रश को धोएं तो उसे कुछ देऱ हवा में सूखने के लिए रख दें। अच्छी तरह सूखने के बाद ही इसे दोबारा प्रयोग करें।
ब्रशिंग के दौरान त्वचा पर ज्यादा दबाव ना डालें। हल्के व धीरे-धीरे से त्वचा पर ब्रशिंग करें। अगर आप ज्यादा जोर डालेंगीं तो त्वचा में रेडनेस व खुजली की समस्या हो सकती है।
स्किन ब्रशिंग के परिणाम के लिए आपको इस प्रक्रिया को नियमित रुप से करना चाहिए। इसके परिणाम दिखने में कम से कम एक महीने का समय लगता है। इसलिए निराश होने की जगह इसे नियमित रुप से अपनाएं।
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